Female Libido: इन वजहों से महिलाओं में कम हो सकती है यौन इच्छा
आमतौर पर माना जाता है कि बढ़ती उम्र के साथ महिलाओं में कामेच्छा कम हो जाती है, लेकिन यह पूरी तरह सही नहीं है। यौन इच्छा में कमी (low libido) किसी भी उम्र में महिलाओं और पुरुषों—दोनों में हो सकती है। खासकर महिलाओं में अलग-अलग जीवन चरणों में कई शारीरिक, मानसिक और सामाजिक कारणों से सेक्स ड्राइव प्रभावित हो सकती है।
डॉ. विजय लक्ष्मी बताती हैं कि महिलाओं में शारीरिक संबंधों को लेकर अनिच्छा केवल उम्र से जुड़ी समस्या नहीं है। यह किसी भी समय हो सकती है और इसके पीछे Hypoactive Sexual Desire Disorder जैसी स्थितियां या अन्य शारीरिक व मानसिक समस्याएं जिम्मेदार हो सकती हैं। कई मामलों में यह तंत्रिका तंत्र की समस्या या किसी गंभीर बीमारी का संकेत भी हो सकता है।
शारीरिक कारण
डॉ. विजय लक्ष्मी के अनुसार, हार्मोनल असंतुलन इस समस्या का एक बड़ा कारण है। महिलाओं के शरीर में मासिक धर्म, गर्भावस्था, स्तनपान और Menopause जैसे चरणों के दौरान हार्मोन में बदलाव होता है, जिससे कामेच्छा प्रभावित हो सकती है।
इसके अलावा:
- हृदय रोग, हड्डियों की बीमारियां और अन्य जीवनशैली से जुड़ी समस्याएं
- कुछ दवाइयां और सर्जरी के बाद का प्रभाव
- लंबे समय तक इलाज या विशेष थेरेपी
भी सेक्स ड्राइव को कम कर सकते हैं। कुछ मामलों में यह कैंसर जैसे गंभीर रोगों का संकेत भी हो सकता है।
रजोनिवृत्ति के दौरान एस्ट्रोजन हार्मोन की कमी से योनि में सूखापन, थकान और अन्य शारीरिक-मानसिक बदलाव आते हैं, जिससे यौन इच्छा में कमी देखी जाती है।
जीवनशैली का असर
आज की व्यस्त और असंतुलित जीवनशैली भी एक बड़ा कारण है।
- शारीरिक गतिविधि की कमी
- अनियमित खानपान
- पर्याप्त नींद न लेना
इनसे शरीर और मन दोनों प्रभावित होते हैं। इसके अलावा धूम्रपान, शराब या अन्य नशे का सेवन भी कामेच्छा को कम कर सकता है।
मानसिक और भावनात्मक कारण
नियति वाघ के अनुसार, महिलाओं की मानसिक स्थिति का उनके यौन जीवन पर गहरा असर पड़ता है।
- रिश्तों में तनाव या असंतोष
- पार्टनर के साथ भावनात्मक जुड़ाव की कमी
- संवाद की कमी या आपसी मनमुटाव
- आर्थिक, पारिवारिक या सामाजिक दबाव
ये सभी कारक इंटिमेसी को प्रभावित करते हैं।
इसके अलावा तनाव, चिंता, अवसाद, नींद की कमी या किसी प्रकार का मानसिक आघात (जैसे यौन शोषण) भी कामेच्छा में कमी का कारण बन सकता है।
क्या करें?
डॉ. विजय लक्ष्मी के अनुसार, इस समस्या से बचाव और सुधार के लिए:
- संतुलित आहार और नियमित व्यायाम अपनाएं
- पर्याप्त नींद लें
- नशे से दूरी रखें
- रिश्तों में खुला संवाद बनाए रखें
- किसी भी लक्षण को नजरअंदाज न करें
यदि समस्या हार्मोनल असंतुलन के कारण है, तो डॉक्टर की सलाह से हार्मोन थेरेपी भी मददगार हो सकती है।
कुल मिलाकर, कामेच्छा में कमी एक सामान्य लेकिन नजरअंदाज न की जाने वाली समस्या है। सही समय पर पहचान और उचित उपचार से इसे प्रभावी ढंग से संभाला जा सकता है।
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